किसानों के लिए सीएम योगी की तीन बड़ी सौगातें

किसानों के लिए सीएम योगी की तीन बड़ी सौगातें

योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Adityanath Sarkar) किसानों की आय बढ़ाने के लिए कई योजनाओं पर कार्य कर रही है. प्रदेश में जल्द ही आत्मनिर्भर कृषक समन्वित विकास योजना (Farmer Integrated Development Plan) प्रारम्भ होने वाली है. बजट में इसके लिए 100 करोड़ रुपए की व्यवस्था की गई है. पराली से कमाई के लिए जिलों में बायोमास प्लांट (Biomass Plant) लगाये जा रहे हैं. वहीं, प्रदेश सरकार ने 15 अप्रैल तक गांव-गांव में अभियान चलाकर किसानों के क्रेडिट कार्ड (Kisan Credit Card) बनवाने के आदेश दिये हैं, ताकि उन्हें आवश्यकता के समय दिक्कतों का सामना न करना पड़े. इस संदर्भ में अपर मुख्य सचिव कृषि ने प्रदेश के सभी डीएम, सीडीओ और डिप्टी डायरेक्टर कृषि को पत्र जारी कर दिया है. सरकार की ओर से जारी बयान में बोला गया है कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने पीएम किसान योजना के साथ ही छोटी जोत वाले किसानों के भी क्रेडिट कार्ड बनाए जाने के आदेश दिए हैं.

आत्मनिर्भर कृषक समन्वित विकास योजना
उत्तर प्रदेश में जल्द ही आत्मनिर्भर कृषक समन्वित विकास योजना भी जल्द प्रारम्भ होने वाली है. वित्तीय साल 2021-2022 के बजट में इसके लिए 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है. योजना में प्रदेश के हर एग्रो क्लाईमेटिक जोन में अधिक होने वाली फसलों का चिन्हीकरण, कृषि के लिए नयी तकनीक और निवेश को बढ़ावा, चयनित उत्पादों का मूल्य संवर्धन, विपणन के लिए मार्केट तैयार करने और हर ब्लॉक स्तर पर कृषक उत्पादन संगठनों की स्थापना करने की योजना है.

पराली से किसानों की आमदनी
पराली की समस्या को देखते हुए प्रदेश के कई जिलों में बायोमास प्लांट लगाने की तैयारी है. वर्तमान में सूबे के तीन जिलों बहराइच, बागपत और फैजाबाद में यह प्लांट लगा दिया गया है और इससे तैयार होने वाले पैलेट्स की सप्लाई भी एनटीपीसी ऊंचाहार (रायबरेली) को की जा रही है. इससे एक तरफ पराली की समस्या का निदान हो रहा है. साथ ही किसानों को आमदनी भी हो रही है.


थाना व तहसील दिवस पर कितनी हुई फरियादियों की सुनवाई, सीएम योगी ने तलब की रिपोर्ट

थाना व तहसील दिवस पर कितनी हुई फरियादियों की सुनवाई, सीएम योगी ने तलब की रिपोर्ट

यूपी में आम आदमी की फरियाद को अनसुना करने वाले अधिकारियों के बुरे दिनों की शुरुआत होने जा रही है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी थानों और तहसीलों पर लंबित शिकायतों का ब्यौरा तलब किया है। जिलेवार तैयार हो रही इस रिपोर्ट में थाना और तहसील दिवस में आईं शिकायतों के आधार पर एक-एक थाने और तहसील की कार्यपद्धति का आकलन होगा। साथ ही जनता-दर्शन और आइजीआरएस पोर्टल पर आईं समस्याओं को भी रिपोर्ट में शामिल किया जा रहा है। यह जिला और विभागवार रिपोर्ट फील्ड में तैनात अधिकारियों के प्रदर्शन की गुणवत्ता का मानक बनेगा। मुख्यमंत्री खुद इस बाबत जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों के साथ समीक्षा करेंगे, जिसके बाद लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जन शिकायतों के समाधान में तेजी लाने के लिए आइजीआरएस तथा थाना व तहसील दिवस में आई शिकायतों के निस्तारण और लंबित मामलों की विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। उन्होंने इसे मुख्यमंत्री कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। सीएम योगी ने इस रिपोर्ट में यह विवरण भी शामिल करने को कहा है कि शिकायतकर्ता की संतुष्टि का स्तर क्या रहा।

जन शिकायतों के निस्तारण को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार गंभीरता बरत रहे हैं। कुछ समय पहले ही उन्होंने समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली (आइजीआरएस) सहित थाना और तहसील दिवस पर आने वाली शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता पर करने के निर्देश दिए थे। सीएम योगी ने आवेदन देने के पांच दिन के अंदर निवारण हो जाने की हिदायत देते हुए कहा था कि किसी को दोबारा आवेदन न देना पड़े। बुधवार को अपने सरकारी आवास पर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में उन्होंने फिर इसे लेकर कड़े निर्देश दिए और रिपोर्ट मांगी।

दूसरी तरफ कोरोना संक्रमण की समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने सीएम योगी आदित्यनाथ को बताया कि पिछले 24 घंटों में राज्य में कोरोना संक्रमण के 16 नए मामले सामने आए हैं। इस अवधि में 28 व्यक्तियों को ठीक होने पर अस्पताल से छुट्टी दी गई। अब सक्रिय मामलों की संख्या 214 है। इस पर सीएम योगी ने कानपुर नगर में डाक्टरों की विशेष टीम भेजने के निर्देश दिए।

उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार सभी 75 जिलों में कम से कम एक-एक मेडिकल कालेज की स्थापना के लिए कृतसंकल्पित है। जल्द ही नौ जिलों में नवनिर्मित मेडिकल कालेजों का लोकार्पण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 14 जिलों में मेडिकल कालेज की स्वीकृति मिल गई है। मुख्यमंत्री ने इनके शिलान्यास की तैयारी करने के निर्देश दिए हैैं।